ganesh chaturthi 2025 गणपति बप्पा मोरया
गणेश चतुर्थी : महाराष्ट्र और मध्यप्रदेश में गणेश चतुर्थी का त्यौहार बहुत श्रद्धा एवं धूमधाम से मनाया जाता है हम लोग पूजा अर्चना तो रोज ही करते है पूजा से पहले गणेश जी का नाम लेना शुभ माना जाता है गणेश जी की उपासना करने के लिए भादों माह को अत्यधिक शुभ माना जाता है धार्मिक मान्यताओ के अनुसार भाद्रपद महीने के शुक्ल पक्ष कि चतुर्थी को गणेश चतुर्थी मनाई जाती है
इस दिन भगवान गणेश का जन्म हुआ था, जिसकी खुशी में देशभर में गणेश चतुर्थी मनाई जाती है इस दौरान भक्तजन घरो दफ्तरों दुकानों और मंदिरों में गणेश जी की मूर्ति की स्थापना करते है और 10 दिनों तक उनकी विधिनुसार उपासना करते हैं। इसके अल प्रभु की विशेष कृपा प्राप्ति के लिए मोदक, मोतीचूर लड्डू, खीर और मालपुआ जैस भोग लगाए जाते हैं, जिसे बेहद शुभ माना जाता है। इस इस वर्ष 27 अगस्त को गणेश चतुर्थी मनाई जा रही है। इस दिन गणेश जी कि मूर्ति स्थापना का सुभ मुहर्त क्या होगा, आइए विस्तार से जानते है
भाद्रपद महीने के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि का प्रारंभ 26 अगस्त को दोपहर 1 बजकर 54 मिनट पर होगा। इसका समापन 27 अगस्त की दोपहर 3 बजकर 44 मिनट पर हो रहा है। उदया तिथि के मुताबिक गणेश चतुर्थी का पर्व 27 अगस्त को मनाया जाएगा।

इस बार गणेश चतुर्थी पर प्रीति सवार्सिद्धि, रवि के साथ इंद्र- योग का संयोग बना रहेगा। वहीं कर्क में बुध और शुक्र के होने से लक्ष्मी नारायण योग का निर्माण होगा। इसके अलावा गणेश चतुर्थी पर बुधवार का महासंयोग तिथि की महत्ता को गई गुना बढ़ा रहा है
गणेश चतुर्थी पंचांग 2025
- सूर्योदय सुबह 05 बजकर 57 मिनुत पर सूर्योदय सुबह 05 बजकर 57 मिनट पर
- सूर्यास्त शाम 06 बजकर 48 मिनुत पर सूर्यास्त शाम 06 बजकर 48 मिनट पर
- ब्रह्म मुहूर्त सुबह 04 बजकर 28 मिनट 05 बजकर 12 मिनट से पर
- विजय मुहूर्त दोपहर 02 बजकर 31 मिनट से 03 बजकर 22 मिनट तक
- गोधूलि मुहूर्त शाम 06 बजकर 48 मिनट से 07 बजकर 10 मिनट तक


